करोड़ों के कामों का हिसाब पोर्टल पर दर्ज, लेकिन मूल्यांकन राशि ₹0; पुराने काम भी नहीं हुए बंद
लखनादौन। जोगीगुफा ग्राम पंचायत से जुड़े सरकारी पोर्टल के डेटा ने पंचायत कार्यों की निगरानी व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वर्ष 2015-16 से 2025-26 तक दर्ज कुल 42 कार्यों में बड़ी संख्या में कार्यों के सामने “मूल्यांकन राशि 0 — कार्य का मूल्यांकन दर्ज नहीं किया गया है” दर्ज है। कई कार्यों की लाखों रुपये की राशि खर्च दर्ज होने के बावजूद उनकी स्थिति आज भी चल रहे दिखाई दे रही है।
मामला केवल एक-दो कामों तक सीमित नहीं है। शौचालय, पुलिया, सीसी रोड, नल-जल, पंचायत भवन मरम्मत, घाट, सामुदायिक शौचालय, नाडेप, लीच पिट, रंगमंच, मंदिर सौंदर्यीकरण, श्मशान घाट और रपटा सहित विभिन्न योजनाओं के कार्य रिकॉर्ड में मौजूद हैं।
*लाखों खर्च, मूल्यांकन शून्य*
*रिकॉर्ड के अनुसार—*
100 हितग्राहियों के व्यक्तिगत शौचालय के लिए ₹12 लाख स्वीकृत, ₹11.40 लाख व्यय, फिर भी मूल्यांकन ₹0 और स्थिति चल रहे।
पायली-बिजना नदी मार्ग की पुलिया पर ₹9.99 लाख स्वीकृत, ₹9.98360 लाख व्यय, मूल्यांकन ₹0।
जोगीगुफा सीसी रोड पर ₹4.65 लाख स्वीकृत, ₹4.40969 लाख व्यय, मूल्यांकन ₹0।
पायली की सीसी रोड सह नाली पर ₹7.75 लाख में ₹7.73996 लाख व्यय।
जोगीगुफा स्नान घाट पर ₹4 लाख में ₹3.98 लाख व्यय।
कुंडक नदी के स्नान घाट/रपटा-स्टॉप डेम कार्य में ₹24.80 लाख स्वीकृत और ₹24.47704 लाख व्यय।
जोगीगुफा शांतिधाम के पास पुलिया पर ₹5 लाख में ₹4.84893 लाख व्यय।
पायली पुलिया पर ₹10 लाख में ₹9.79620 लाख व्यय।
सालीवाड़ा रपटा सह सीसी रोड पर ₹5 लाख में ₹4.92702 लाख व्यय।
विधायक निधि से सालीवाड़ा-भेंसनवाही मार्ग के रपटा कार्य में ₹5 लाख में ₹4.84624 लाख व्यय।
वर्ष 2026 में बंजर रोड से शांतिधाम की ओर सीसी रोड के लिए ₹4.04 लाख स्वीकृत, ₹3.60440 लाख व्यय।
*इन सभी रिकॉर्डों में पोर्टल पर मूल्यांकन राशि ₹0 दिखाई जा रही है।*
*पुराने कामों का ‘चल रहे’ रहना भी बड़ा सवाल*
वर्ष 2018-19 के शौचालय, पुलिया, सीसी रोड, पंचायत भवन, रेन बसेरा, ग्राम चौपाल और नल-जल जैसे कार्य आज भी चल रहे दर्ज हैं। वहीं 2017-18 के कई कार्य सीसी जारी स्थिति में हैं।
*कुछ पुराने रिकॉर्ड में खर्च ₹0 भी दर्ज है। उदाहरण के तौर पर—*
वर्क आईडी 100717404 — ₹4.65 लाख स्वीकृत, व्यय ₹0, चल रहे।
वर्क आईडी 100877231 — ₹35 हजार स्वीकृत, व्यय ₹0, चल रहे।
वर्क आईडी 100887177 — ₹3.51 लाख स्वीकृत, व्यय ₹0, चल रहे।
वर्क आईडी 100271652 — ₹1.35 लाख स्वीकृत, व्यय ₹0, चल रहे।
वर्क आईडी 100241135 — ₹8.025 लाख स्वीकृत, व्यय ₹0, लेकिन स्थिति सीसी जारी।
वर्क आईडी 100001658 — ₹2.90 लाख स्वीकृत, व्यय ₹0, सीसी जारी।
वर्क आईडी 100035693 — ₹1 लाख स्वीकृत, व्यय ₹0, सीसी जारी।
*सवाल पंचायत से लेकर जनपद तक*
जब किसी कार्य पर लाखों रुपये का व्यय दर्ज हो और उसी रिकॉर्ड में मूल्यांकन राशि शून्य रहे, तो कार्य की वास्तविक भौतिक स्थिति, माप पुस्तिका, मूल्यांकन, पूर्णता प्रमाण-पत्र और भुगतान प्रक्रिया की जांच जरूरी हो जाती है।
सबसे बड़ा सवाल यह है कि वर्षों पुराने कार्य पोर्टल पर आज भी चल रहे क्यों हैं?
क्या संबंधित कार्य वास्तव में अधूरे हैं?
यदि पूरे हो चुके हैं तो रिकॉर्ड अपडेट क्यों नहीं हुआ?
यदि राशि खर्च हो चुकी है तो मूल्यांकन दर्ज क्यों नहीं है?
और जिन कार्यों में व्यय ₹0 है, उनके संबंध में स्वीकृत राशि का क्या हुआ?
*अब जिला प्रशासन करे रिकॉर्ड की जांच*
जिला पंचायत सीईओ, जनपद पंचायत सीईओ, संबंधित तकनीकी अधिकारियों और ग्राम पंचायत स्तर के जिम्मेदार अधिकारियों को इन 42 कार्यों की फाइलवार जांच करनी चाहिए। माप पुस्तिका, तकनीकी एवं प्रशासनिक स्वीकृति, बिल-वाउचर, भुगतान, मूल्यांकन, पूर्णता प्रमाण-पत्र और मौके की वास्तविक स्थिति का मिलान कराया जाना चाहिए।